चार घंटे चली मैराथन समीक्षा बैठक में डीएम ने दिए सख्त निर्देश,
1 जुलाई से सभी डिग्री कॉलेजों का संचालन सुनिश्चित करने का आदेश

मुंगेर, 6 जून। जिले में संचालित विभिन्न विकासात्मक योजनाओं एवं जनकल्याणकारी कार्यक्रमों की प्रगति की समीक्षा को लेकर शनिवार को संग्रहालय सभागार में जिलाधिकारी निखिल धनराज निप्पाणीकर की अध्यक्षता में जिला स्तरीय समन्वय समिति की मासिक समीक्षा बैठक आयोजित की गई। करीब चार घंटे तक चली इस मैराथन बैठक में विभिन्न विभागों की योजनाओं की प्रगति, लंबित मामलों तथा विकास कार्यों की स्थिति की विस्तृत समीक्षा की गई।

बैठक में अपर समाहर्ता मनोज कुमार, अपर समाहर्ता आपदा संजय कुमार सिन्हा, नगर आयुक्त पार्थ गुप्ता, उप विकास आयुक्त अजीत कुमार सिंह, सभी अनुमंडल पदाधिकारी तथा जिला एवं प्रखंड स्तरीय पदाधिकारी उपस्थित थे।
समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी ने स्पष्ट कहा कि सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने सभी विभागों को आपसी समन्वय के साथ निर्धारित समय-सीमा में योजनाओं को पूरा करने तथा गुणवत्ता, पारदर्शिता एवं जवाबदेही सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।
आवास योजना के लंबित मामलों पर नाराजगी व्यक्त करते हुए जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को कार्यों में तेजी लाने का निर्देश दिया। विशेष रूप से बरियारपुर के बीडीओ एवं सीओ के कार्यकलाप पर असंतोष जताते हुए लंबित मामलों का शीघ्र निष्पादन सुनिश्चित करने को कहा। उन्होंने डब्ल्यूपीयू के लिए स्थल चयन कर रविवार शाम तक अद्यतन रिपोर्ट उपलब्ध कराने तथा 48 पंचायतों में खेल मैदान हेतु स्थल चयन कर सप्ताहांत तक रिपोर्ट प्रस्तुत करने का निर्देश दिया। जीएनएम स्कूल में बंद पड़े ऑक्सीजन प्लांट को भी जल्द चालू कराने का आदेश दिया गया।
जीविका योजनाओं की समीक्षा के दौरान डीएम ने राजा-रानी तालाब एवं कंपनी गार्डेन परिसर में वाहन पार्किंग की व्यवस्था जीविका दीदियों के माध्यम से संचालित करने की कार्ययोजना तैयार करने को कहा। साथ ही कोर्ट परिसर एवं संग्रहालय परिसर में “दीदी की रसोई” की तर्ज पर फूड प्लाजा शुरू करने की दिशा में कार्रवाई करने का निर्देश दिया।
बैठक का प्रमुख विषय आगामी 1 जुलाई से विभिन्न प्रखंडों में डिग्री कॉलेजों का संचालन प्रारंभ करना रहा। जिलाधिकारी ने कहा कि हर हाल में निर्धारित तिथि से कॉलेजों का संचालन शुरू होना चाहिए और इसके लिए आवश्यक सभी तैयारियां समय पर पूरी की जाएं।
बैठक में ग्रामीण विकास, मनरेगा, कृषि, शिक्षा, स्वास्थ्य, पेयजल, विद्युत, सामाजिक सुरक्षा, राजस्व, आपूर्ति, नगर विकास, बाल विकास परियोजना एवं जीविका समेत कई विभागों की योजनाओं की समीक्षा की गई। जिलाधिकारी ने सहयोग पोर्टल एवं सीएम डैशबोर्ड पर प्राप्त आवेदनों के समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण निष्पादन पर विशेष जोर दिया।
राजस्व विभाग की समीक्षा के दौरान हवेली खड़गपुर में लंबित ऑनलाइन दाखिल-खारिज मामलों के निष्पादन में तेजी लाने का निर्देश दिया गया। इसके अलावा परिमार्जन, परिमार्जन प्लस, ई-मापी, आधार सीडिंग, सीडब्ल्यूजेसी एवं एमजेसी से संबंधित मामलों की भी समीक्षा कर शीघ्र निष्पादन सुनिश्चित करने को कहा गया।
बैठक के अंत में जिलाधिकारी ने सभी अधिकारियों को नियमित क्षेत्रीय भ्रमण, योजनाओं के स्थलीय निरीक्षण तथा जन शिकायतों के त्वरित निपटारे के निर्देश देते हुए प्रत्येक माह ऐसी समन्वय बैठक आयोजित करने की बात कही, ताकि विभागों के बीच बेहतर तालमेल बना रहे और विकास योजनाओं के क्रियान्वयन में गति आए।




