विद्यार्थी समस्याओं के समाधान को शुरू हुआ ‘विद्यार्थी सहयोग पोर्टल’, 30 दिनों में होगी आवेदनों की सुनवाई

विद्यार्थी समस्याओं के समाधान को शुरू हुआ ‘विद्यार्थी सहयोग पोर्टल’, 30 दिनों में होगी आवेदनों की सुनवाई
मुंगेर, 17 अगस्त 2026। बिहार के मुख्यमंत्री श्री सम्राट चौधरी ने सोमवार को विद्यार्थियों की समस्याओं के समाधान एवं उनकी आवश्यकताओं के त्वरित निराकरण के उद्देश्य से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से ‘विद्यार्थी सहयोग पोर्टल’ का शुभारंभ किया। इस कार्यक्रम से राज्य के विभिन्न जिलों के पदाधिकारी, शिक्षण संस्थानों के प्रतिनिधि एवं विद्यार्थी जुड़े।
मुंगेर जिले में कार्यक्रम का आयोजन समाहरणालय स्थित एनआईसी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग कक्ष में जिलाधिकारी निखिल धनराज निप्पाणीकर के नेतृत्व में किया गया। बड़ी संख्या में स्कूली विद्यार्थियों ने कार्यक्रम में भाग लेकर मुख्यमंत्री द्वारा विद्यार्थी हित में शुरू की गई इस पहल की जानकारी प्राप्त की। इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक सैयद इमरान मसूद, जिला शिक्षा पदाधिकारी कुणाल गौरव, विभिन्न महाविद्यालयों के प्राचार्य, शिक्षा विभाग के पदाधिकारी एवं कर्मी तथा विद्यार्थी उपस्थित रहे।
30 दिनों के अंदर होगी आवेदन की सुनवाई
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने बताया कि विद्यार्थी सहयोग पोर्टल पर दर्ज आवेदनों की सुनवाई 30 दिनों के अंदर सुनिश्चित की जाएगी। पोर्टल के माध्यम से शिकायत या समस्या दर्ज कराने वाले छात्र-छात्राओं की पहचान को गोपनीय रखा जाएगा तथा संबंधित मामलों में त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
उन्होंने कहा कि यह पहल विद्यार्थियों की समस्याओं के समाधान को अधिक व्यवस्थित, पारदर्शी और प्रभावी बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। पोर्टल के माध्यम से विद्यार्थियों को अपनी समस्याएं उचित माध्यम तक पहुंचाने में सुविधा होगी और इससे उनके जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने में मदद मिलेगी।
विद्यार्थियों को पोर्टल के उपयोग के लिए किया जाएगा प्रोत्साहित
जिलाधिकारी निखिल धनराज निप्पाणीकर ने कार्यक्रम में उपस्थित विद्यार्थियों एवं शिक्षा विभाग के पदाधिकारियों को पोर्टल के उद्देश्य और उपयोगिता की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों की समस्याओं का समयबद्ध एवं प्रभावी समाधान सुनिश्चित करना जिला प्रशासन की प्राथमिकता है।
उन्होंने संबंधित पदाधिकारियों को निर्देश दिया कि जिले के विद्यार्थियों को पोर्टल के संबंध में आवश्यक जानकारी उपलब्ध कराई जाए तथा अधिक से अधिक पात्र विद्यार्थियों को इसका उपयोग करने के लिए प्रोत्साहित किया जाए, ताकि इस डिजिटल पहल का लाभ जिले के सभी जरूरतमंद विद्यार्थियों तक पहुंच सके।
कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों में भी उत्साह देखने को मिला। विद्यार्थियों ने ‘विद्यार्थी सहयोग पोर्टल’ को अपनी समस्याओं के समाधान की दिशा में उपयोगी और महत्वपूर्ण पहल बताया।




